कश्मीर का सबसे मोस्ट वांटेड अबु दुजाना मारा गया
कहा जाता है कि अबु दुजाना से पुलिस नहीं कश्मीर की लड़कियां ज्यादा डरती थी। वो साउथ कश्मीर के चार जिलों में मनमानी करता था और कोई उसके खिलाफ मुंह नहीं खोलता था।
कहा जाता है कि अबु दुजाना से पुलिस नहीं कश्मीर की लड़कियां ज्यादा डरती थी। वो साउथ कश्मीर के चार जिलों में मनमानी करता था और कोई उसके खिलाफ मुंह नहीं खोलता था।
कश्मीर का सबसे खतरनाक आतंकवादी लश्कर कमांडर अबु दुजाना का खेल खत्म हो गया । पुलवामा हाकरीपोरा गांव में एनकाउंटर में अबु दुजाना और उसके साथी आरिफ लिलहारी को मार गिराया गया। अबु दुजाना को बचाने के लिए इस बार भी 100 से ज्यादा पत्थरबाज आए थे। लेकिन आर्मी, सीआरपीएफ और जम्मू-कश्मीर पुलिस ने पत्थरबाजों की परवाह नहीं कि और अबु दुजान को साफ कर दिया।
एनकाउंटर के बाद पुलिस और आर्मी के अफसरों ने कहा, “अबु दुजाना कश्मीर में सिर्फ अय्याशी कर रहा था। वह कश्मीर की लड़कियों का दुश्मन था। लड़कियों की सुरक्षा के लिए खतरा बन गया था। इसलिए उसके मारे जाने से कश्मीर में लड़कियों की सुरक्षा बढ़ेगी।”
मंगलवार सुबह सुरक्षा एजेंसियों को खबर मिली की अबु दुजाना अपने दोस्त लिलहारी के साथ पुलवामा के हाकरीपोरा गांव में छिपा है। दुजाना को पकड़ने के लिए आर्मी ने कार्सो यानि कॉर्डन एंड सर्च ऑपरेशन चलाया। मंगलवार सुबह सुरक्षाबलों ने उस घर को घेर लिया जिसमें दुजाना छिपा था। अंदर से आतंकवादियों ने फौज पर गोलियां चलाई। लंबे एनकाउंटर के बाद उस घर को उड़ा दिया गया जिसमें आतंकवादी छिपे थे।
अबु दुजाना पाकिस्तान का रहने वाला था। कश्मीर में लश्कर ए तैयबा का वो कमांडर था। दुजाना पर 10 लाख का इनाम रखा गया था, उसे ए कैटेगरी का आतंकी माना जाता था। 2013 में लश्कर कमांडर अबु कासिम की मौत के बाद दुजाना को कमांडर बनाया था। पिछले चार साल से उसने घाटी में 20 से ज्यादा हमले किए। लड़कियों को परेशान किया। कहा जाता है कि अबु दुजाना से पुलिस नहीं कश्मीर की लड़कियां ज्यादा डरती थी। वो साउथ कश्मीर के चार जिलों में मनमानी करता था और कोई उसके खिलाफ मुंह नहीं खोलता था। लेकिन अब दुजाना की मौत के बाद कश्मीर की लड़कियों ने राहत की सांस ली है।



